मार्क जुकेरबर्ग का ज्योतिष
Astrology of Famous People

मार्क जुकेरबर्ग का ज्योतिष

फेसबुक का सस्थापक मार्क एलियट जुकेरबर्ग का जन्म 14 मई 1984 न्यूयार्क में मकर लग्न और राहु की महादशा में हुआ है। मार्क जुकेरबर्ग की जन्मकुंडली में उत्तम कोटी के राजयोग बने हुए हैं जो लाखों जन्मकुंडलियों में से किसी एक की जन्म कुंडली में देखने को मिलते हैं।

मार्क ज़ुकेरबर्ग की जन्मकुंडली
14 मई 1984 न्यूयार्क

सोशल मिडिया पर धमाल मचाने वाली फैसबुक का निर्माण शनि लग्नेश और धनेश के द्वारा हुआ क्योंकि मार्क जुकेरबर्ग का शनि लग्नेश और धनेश दोनों भावों का स्वामी बन उच्च का होकर दशम भाव अर्थात् कर्म भाव में स्थिति है हालांकि शनि यहां मारकेश भी है किन्तु लग्नेश होने के कारण मारकेश का कार्य नहीं करेगा। शनि का दशम भाव में उच्च का होने से ‘शश योग’ बन रहा है। ‘शश योग’ होने से मार्क जुकेरबर्ग राजा के समान भोग-विलास, धन-सम्पत्ति का स्वामी बनाता है। ‘शश योग’ होने से अनेक वहान, भवन और कार्यालय स्थापित हुए। शनि के साथ चन्द्रमा और मंगल भी है चन्द्रमा और शनि का योग ‘कलत्रमूल धनयोग’ का निर्माण कर रहा है जो विवाह के पश्चात् ससुराल पक्ष की धन-सम्पत्ति भी मार्क जुकेरबर्ग स्वतः मिल जायेगी और फिर वहीं शनि और मंगल का भी योग ‘मातृमूल धनयोग’ बन रहा है जो जमीन और माता की सम्पत्ति भी मार्क जुबेरबर्ग को मिलेगी। यदि सूर्य पर विचार किया जाये तो मकर लग्न के लिए सूर्य अशुभ होता है किन्तु मार्क जुकेरबर्ग को भी यहाँ गौड गिफ्ट मिला है क्योंकि सूर्य यहां उच्च का है और अष्टमेश के दोष से मुक्त है अपनी राशि से नवम भाव में स्थित होने से सूर्य ने ‘रविकृत राजयोग’ बना दिया है। सूर्य और बुध की युति ‘कुलदीपक योग’ भी बना रही है एवम् शुक्र भी वहीं स्थित है जिसके कारण ‘पद्मसिंहासन नामक’ योग भी बन रहा है। इन्हीं सब योगों के द्वारा मार्क जुबेरबर्ग को स्वयं भी नहीं मालूम होगा की वो कितनी धन-सम्पत्ति प्रतिदिन कमाता है। इसी तरह गुरू के द्वारा ‘विपरीत राजयोग’ भी बन रहा है।

मार्क जुकेरबर्ग अति धन-सम्पत्ति का स्वामी होने के बाद भी अपने शत्रुओं पर प्रहार नहीं करेगा और भावुकतावश कठोर दंड देने के स्थान पर क्षमा कर देंगा। मार्क जुकेरबर्ग का जीवन सादा होगा एवं जीवन में एक ऐसा क्षण आयेगा कि धन-सम्पत्ति को किसी के नाम भी कर सकता है एवं वैराग्य से युक्त जीवन जीना पंसद करेगा एवं मार्क जुबेरबर्ग को चाहे धन लाभ हो या नुकसान हो दोनों की अवस्था में सम रहेगा दोनों हाथों से धन दान करने से भी नहीं घटेगा और धन-सम्पत्ति का विस्तार होगा।

ज्योतिर्विद बॉक्सर देव गोस्वामी
ज्योतिषी और भविष्यवक्ता
प्रोफेशनल एक्ट्रोलॉजर,
लेखक एवम् विचारक

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